भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर को बांग्लादेश में अंपायर और फिर बांग्लादेशी टीम के साथ बदसलूकी करनी भारी पड़ी। आईसीसी ने हरमनप्रीत पर कड़ी कार्रवाई करते हुए उन्हें दो अंतर्राष्ट्रीय मैचों के लिए बैन कर दिया। ऐसे में अब आगामी एशियन गेम्स में क्वार्टर फाइनल और सेमीफाइनल मैच नहीं खेल पाएंगी। हालांकि, इस पूरे मामले पर भारतीय कप्तान ने अपनी चुप्पी तोड़ते हुए कहा कि, ढाका में बांग्लादेश के खिलाफ तीसरे वनडे के दौरान उन्हें अपना आपा खोने पर कोई पछतावा नहीं है।
बता दें कि, ढाका में अंपायर के उन्हें आउट देने के बाद उन्होंने स्टंप पर बल्ला मार दिया था। मैच के बाद में भी उन्होंने बायलेटरल सीरीज के दौरान हुई अंपायरिंग को खराब बताया था। साथ ही प्रजेंटेशन सेरेमनी के दौरान बांग्लादेशी टीम के साथ बदसलूकी भी की थी। इसके बाद उन पर प्रतिबंध लगाया गया था। हरमनप्रीत ने महिलाओं के द हंड्रेड के दौरान एक इंटरव्यू में कहा कि मैं नहीं कहूंगी कि मुझे किसी चीज का कोई पछतावा है क्योंकि, बतौर खिलाड़ी आप ये देखना चाहते हैं कि चीजें ठीक चल रही हैं या नहीं। खिलाड़ी के रूप में आपके पास हमेशा खुद को अभिव्यक्त करने यानी कि आप क्या महसूस कर रहे हो, ये बताने का अधिकार होता है।
फिलहाल, हरमनप्रीत कौर ट्रेंट रॉकेट्स टीम के लिए खेल रही हैं। उन्होंने कहा कि मुझे नहीं लगता कि मैंने किसी खिलाड़ी या किसी व्यक्ति से कुछ भी गलत कहा। मैदान पर जो हुआ मैंने सिर्फ उसके बारे में बताया। मुझे किसी चीज का पछतावा नहीं है। प्रतिबंध के अलावा हरमनप्रीत के खाते में तीन डिमैरिट पॉइंट्स भी जोड़ दिए गए हैं। क्योंकि, उन्होंने अंपायर के फैसले पर असहमति जताई थी।
गौरतलब है कि, चीन के हांगझोऊ में होने वाले एशियन गेम्स में महिला क्रिकेट टीमों की प्रतियोगिता 19 सितंबर को शुरू होगी और 26 सितंबर को गोल्ड और कांस्य मेडल मैचों के साथ खत्म होगी। भारतीय महिला टीम 22 सितंबर को क्वार्टरफाइनल मैच खेलेगी। सेमीफाइनल मुकाबला 25 सितंबर को और स्वर्ण और कांस्य पदक के मैच 26 सितंबर को खेले जाएंगे। कांस्य पदक का मैच सेमीफाइनल में हारने वाली दोनों टीमों के बीच खेला जाएगा।