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Suvendu Adhikari का Mamata पर सबसे संगीन आरोप- Ration Scam का 75% पैसा उनके घर गया

पश्चिम बंगाल के नेता प्रतिपक्ष और नंदीग्राम तथा भवानीपुर विधानसभा क्षेत्रों से भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के उम्मीदवार सुवेंदु अधिकारी ने शनिवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) पर तीखा हमला बोला। उन्होंने भ्रष्टाचार, तुष्टीकरण की राजनीति और जनता के समर्थन में गिरावट का आरोप लगाया। अपने विधानसभा क्षेत्रों में चल रही राजनीतिक लड़ाई का ज़िक्र करते हुए अधिकारी ने कहा, “इस इलाके में ममता बनर्जी और फिरहाद हकीम अब तक आगे रहे हैं, लेकिन इस बार वे आगे नहीं रह पाएंगे। इस बार TMC का पूरी तरह सफाया हो जाएगा।
उन्होंने सत्ताधारी पार्टी पर समाज को बांटने का भी आरोप लगाया और कहा कि ममता बनर्जी की तुष्टीकरण की राजनीति ही समाज को बांट रही है। राशन वितरण घोटाले के मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की छापेमारी पर प्रतिक्रिया देते हुए अधिकारी ने बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया और इसे राज्य के नेतृत्व से जोड़ा। उन्होंने कहा कि ईडी तो चोर के घर ही जाएगी। जिस तरह बिहार में चारा घोटाला हुआ था, उसी तरह यहाँ अनाज घोटाला हुआ है। उन्होंने आगे आरोप लगाया, ज्योतिप्रिय मल्लिक ने जनता को लूटा, और उस पैसे का 75% हिस्सा ममता बनर्जी के घर गया। आम आदमी पार्टी (AAP) के सांसदों के BJP में शामिल होने पर टिप्पणी करते हुए अधिकारी ने कहा कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की ओर बढ़ते रुझान को दर्शाता है। उन्होंने कहा, “जो लोग राष्ट्रवादी हैं, वे प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व को स्वीकार कर रहे हैं।

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उन्होंने आप नेता राघव चड्ढा का भी ज़िक्र करते हुए कहा, “राघव चड्ढा एक पढ़े-लिखे इंसान हैं; उन्हें थोड़ा समय लगा, लेकिन उन्हें यह एहसास हो गया कि भारत को समृद्ध बनाना और देश को मज़बूत करना सिर्फ़ प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में ही मुमकिन है। इस बीच, पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में 152 सीटों के लिए वोटिंग गुरुवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच पूरी हो गई। राज्य में पहले चरण में 91.91 फ़ीसदी वोटिंग हुई, जो लोगों की चुनाव में ज़ोरदार भागीदारी को दिखाता है।

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पश्चिम बंगाल के कई ज़िलों में 90 फ़ीसदी से ज़्यादा वोटिंग दर्ज की गई। दक्षिण दिनाजपुर में सबसे ज़्यादा 94.85 फ़ीसदी वोटिंग हुई, उसके बाद कूच बिहार में 94.54 फ़ीसदी, बीरभूम में 93.70 फ़ीसदी, जलपाईगुड़ी में 93.23 फ़ीसदी और मुर्शिदाबाद में 92.93 फ़ीसदी वोटिंग हुई। ये आँकड़े सभी ज़िलों में लगातार ज़्यादा भागीदारी को दिखाते हैं, जिसमें सभी बड़े इलाकों में 90 फ़ीसदी से ज़्यादा वोटिंग हुई। इसकी तुलना में, 2021 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में 85.2 फ़ीसदी वोटिंग हुई थी। ये आँकड़े सभी ज़िलों में लोगों की ज़ोरदार भागीदारी को दिखाते हैं, जिससे दोनों राज्यों में चुनाव में ज़्यादा भागीदारी का लगातार बना हुआ रुझान और मज़बूत होता है।

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